Q.
"सार्वजनिक परीक्षाओं में बार-बार होने वाली अनियमितताएँ और गुणवत्तापूर्ण रोजगार की कमी केवल प्रशासनिक विफलताएँ नहीं हैं, बल्कि भारत के युवाओं के साथ ‘सामाजिक अनुबंध’ का उल्लंघन हैं।" इस कथन का आलोचनात्मक विश्लेषण कीजिए और गतिशीलता के इस संकट को जनसांख्यिकीय लाभांश में बदलने के उपाय सुझाइए। (15 अंक, 250 शब्द)
June 10, 2026
GS Paper IIndian Society
Answer will be published shortly.