Q. महिलाओं की सामाजिक पूँजी सशक्तिकरण और लैंगिक समानता को बढ़ावा देने में किस प्रकार सहायक है? स्पष्ट कीजिए। (15 अंक, 250 शब्द)

January 12, 2026

GS Paper IISocial Justice

प्रश्न की मुख्य माँग

  • महिलाओं की सामाजिक पूँजी, सशक्तीकरण को बढ़ावा देने में कैसे सहायक होती है, चर्चा कीजिए।
  • महिलाओं की सामाजिक पूँजी लैंगिक समानता को बढ़ावा देती है।

उत्तर

महिलाओं की सामाजिक पूँजी का अर्थ है वे मित्रता, समर्थन प्रणालियाँ और नेटवर्क, जो महिलाएँ समाज में बनाती हैं। ये संबंध उन्हें विचार साझा करने, आत्मविश्वास बढ़ाने और एक साथ कार्य करने में मदद करते हैं, जो महिलाओं के सशक्तीकरण और लैंगिक समानता को बढ़ावा देने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

सशक्तीकरण के लिए महिलाओं की सामाजिक पूँजी  का उपयोग करना

  • पीयर नेटवर्क: कुदुंबश्री (केरल) जैसे महिला स्व-सहायता समूह (SHGs) कौशल, वित्तीय साक्षरता और उद्यमिता को बढ़ावा देते हैं।
  • सामूहिक सौदेबाजी: SEWA बेहतर वेतन, सुरक्षित कार्य परिस्थितियाँ और सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करती है।
  • समर्थन प्रणाली: सामुदायिक समूह हिंसा के पीड़ितों को पितृसत्तात्मक बाधाओं को दूर करने के लिए आत्मविश्वास और लचीलापन प्रदान करने में सहायता करते हैं।
  • राजनीतिक नेतृत्व: महिला सभाएँ महिलाओं को अधिकारों के प्रति जागरूक करके और राजनीतिक भागीदारी के माध्यम से सशक्त बनाती हैं।
  • डिजिटल सशक्तीकरण: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म महिलाओं की आवाज को बढ़ावा देते हैं और वैश्विक स्तर पर एकजुटता आंदोलन चलाने में मदद करते हैं।

लैंगिक समानता के लिए महिलाओं की सामाजिक पूँजी  का उपयोग करना

  • सामूहिक दृश्यता के माध्यम से रूढ़ियों को तोड़ना: नेटवर्क उन महिलाओं को प्रदर्शित करते हैं, जो विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही हैं।
    • उदाहरण: भारतीय वायु सेना में महिला पायलट।
  • समावेशी नीति वकालत: संगठित समूह लैंगिक-संवेदनशील कानूनों के लिए प्रयास करते हैं।
    • उदाहरण: NGO के समर्थन के कारण मातृत्व लाभ अधिनियम में संशोधन।
  • आर्थिक अंतर को पाटना: नेटवर्क समान बाजार और क्रेडिट पहुँच के लिए संसाधन साझा करते हैं।
    • उदाहरण: अमूल मॉडल में महिला सहकारी समितियाँ, डेयरी किसानों को सशक्त बना रही हैं।
  • मार्गदर्शन और अंतर-पीढ़ीगत अधिगम: वरिष्ठ महिलाएँ समानता के लिए युवा पीढ़ियों का मार्गदर्शन करती हैं।
    • उदाहरण: कॉरपोरेट मेंटरशिप महिलाओं को उच्च पदों तक पहुँचने में बाधाओं को पार करने में मदद करती है।
  • सामुदायिक निर्णय-निर्माण को सशक्त बनाना: महिलाओं की सामूहिक आवाज योजना एवं विकास में लैंगिक दृष्टिकोण सुनिश्चित करती है।
    • उदाहरण: राजस्थान में ग्राम जल समितियाँ।

निष्कर्ष

समानता और जागरूकता को बढ़ावा देकर, महिलाओं की सामाजिक पूँजी, सशक्तीकरण का एक शक्तिशाली साधन बनती है, जो समानता, अवसर और प्रतिनिधित्त्व प्रदान करती है। इस पूँजी को मजबूत करना लैंगिक न्याय को बढ़ावा देने और SDG 5 (लैंगिक समानता) हासिल करने के लिए अत्यंत महत्त्वपूर्ण है।

Women’s social capital complements in advancing empowerment and gender equity. Explain. in hindi

Explore UPSC Foundation Course

Need help preparing for UPSC or State PSCs?

Connect with our experts to get free counselling & start preparing

Aiming for UPSC?

Download Our App

      
Quick Revise Now !
AVAILABLE FOR DOWNLOAD SOON
UDAAN PRELIMS WALLAH
Comprehensive coverage with a concise format
Integration of PYQ within the booklet
Designed as per recent trends of Prelims questions
हिंदी में भी उपलब्ध
Quick Revise Now !
UDAAN PRELIMS WALLAH
Comprehensive coverage with a concise format
Integration of PYQ within the booklet
Designed as per recent trends of Prelims questions
हिंदी में भी उपलब्ध

<div class="new-fform">







    </div>

    Subscribe our Newsletter
    Sign up now for our exclusive newsletter and be the first to know about our latest Initiatives, Quality Content, and much more.
    *Promise! We won't spam you.
    Yes! I want to Subscribe.