संदर्भ
2026 इंडिया AI समिट में भारतीय सेना ने स्वदेशी द्वि-उपयोगी AI प्रणालियों का प्रदर्शन किया, जो रक्षा तैयारी और आपदा लचीलापन को सुदृढ़ करती हैं।
संबंधित तथ्य
- सेना के प्रदर्शन में ऐसे द्वि-उपयोगी प्लेटफॉर्म प्रदर्शित किए गए, जिन्हें रक्षा अभियानों के साथ-साथ आपदा प्रबंधन, साइबर सुरक्षा और शासन जैसे नागरिक अनुप्रयोगों के लिए भी डिजाइन किया गया है।
प्रमुख AI प्लेटफॉर्म प्रदर्शित
| मंच |
परिचय |
नागरिक अनुप्रयोग |
रक्षा अनुप्रयोग |
| AI परीक्षक |
एआई-सक्षम स्वचालित मूल्यांकन और प्रशिक्षण प्लेटफॉर्म जो वास्तविक समय मूल्यांकन, डेटा-संचालित विश्लेषण और मानकीकृत स्केलेबल आकलन प्रदान करता है। |
कौशल विकास एवं संस्थागत प्रशिक्षण सुधार |
सैन्य प्रशिक्षण एवं HR मूल्यांकन का आधुनिकीकरण |
| SAM-UN (स्थितिजन्य जागरूकता मॉड्यूल – एकीकृत नेटवर्क) |
वास्तविक समय मानचित्रण, मिशन योजना उपकरण, स्मार्ट कमांड सेंटर एकीकरण और बहु-डोमेन डेटा संलयन प्रदान करने वाली भू-स्थानिक एआई-आधारित स्थितिजन्य जागरूकता प्रणाली। |
आपदा प्रतिक्रिया समन्वय और शहरी शासन |
मिशन योजना और युद्धक्षेत्र जागरूकता |
| EKAM (एआई-एज-ए-सर्विस प्लेटफ़ॉर्म) |
सुरक्षित, पृथक स्वदेशी कृत्रिम बुद्धिमत्ता क्लाउड, जो आँकड़ा संप्रभुता, वर्गीकृत सूचनाओं का प्रसंस्करण तथा विस्तार योग्य तैनाती संरचना सुनिश्चित करता है। |
शासन एवं अवसंरचना हेतु सुरक्षित विश्लेषण |
रक्षा विश्लेषण के लिए संरक्षित कृत्रिम बुद्धिमत्ता तैनाती |
| प्रक्षेपण (PRAKSHEPAN) |
कृत्रिम बुद्धिमत्ता-संचालित जलवायु विज्ञान एवं आपदा पूर्वानुमान प्रणाली, जो भूस्खलन, बाढ़ और हिमस्खलन के लिए पूर्व चेतावनी, पूर्वानुमान मॉडलिंग तथा जोखिम मानचित्रण सक्षम करती है। |
बाढ़, भूस्खलन एवं हिमस्खलन पूर्वानुमान |
अभियानों हेतु स्थलाकृति एवं मौसम संबंधी जोखिम आकलन |
| साइबर एवं निगरानी प्रणालियाँ (एक्सफेस, कृत्रिम बुद्धिमत्ता साइबर सुरक्षा उपकरण) |
कृत्रिम बुद्धिमत्ता-आधारित सुरक्षा मंच, जो मुख पहचान, कृत्रिम रूप से निर्मित भ्रामक वीडियो की पहचान तथा दुर्भावनापूर्ण सॉफ्टवेयर एवं साइबर खतरों से सुरक्षा प्रदान करते हैं। |
महत्त्वपूर्ण अवसंरचना संरक्षण एवं डिजिटल पहचान सत्यापन |
काउंटरइंटेलिजेंस एवं साइबर रक्षा |
अन्य परिचालन कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरण: इनमें नभ दृष्टि (तात्कालिक दूरमापी प्रतिवेदन), चालक थकान पहचान प्रणाली, पोर्टेबल कृत्रिम बुद्धिमत्ता तैनाती इकाई (एआई-इन-ए-बॉक्स) तथा रसद अनुकूलन हेतु कृत्रिम बुद्धिमत्ता-सक्षम वाहन अनुगमन प्रणाली शामिल हैं।
द्वि-उपयोगी कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रणालियों के बारे में
- द्वि-उपयोगी कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रणालियाँ ऐसी प्रौद्योगिकियाँ हैं, जिन्हें सैन्य अभियानों तथा आपदा प्रबंधन, साइबर सुरक्षा और शासन जैसे नागरिक उपयोगों-दोनों के लिए विकसित किया गया है।
- ये परिचालन दक्षता को बढ़ाती हैं तथा आत्मनिर्भर भारत के अंतर्गत राष्ट्रीय विकास और तकनीकी आत्मनिर्भरता में योगदान देती हैं।
द्वि-उपयोगी कृत्रिम बुद्धिमत्ता मंचों का महत्त्व
- राष्ट्रीय सुरक्षा तैयारी को सुदृढ़ करना: प्रक्षेपण (PRAKSHEPAN) जैसी पूर्वानुमान प्रणालियों तथा कृत्रिम बुद्धिमत्ता-संचालित साइबर सुरक्षा उपकरणों के माध्यम से महत्त्वपूर्ण अवसंरचना को संरक्षित कर रक्षा क्षमताओं को मजबूत किया जाता है।
- आपदा लचीलेपन में सुधार: कृत्रिम बुद्धिमत्ता-आधारित जलवायु प्रणालियाँ बाढ़ और भूस्खलन के लिए प्रारंभिक चेतावनी प्रदान करती हैं, जिससे पूर्वानुमेय शासन और नागरिक सुरक्षा को समर्थन मिलता है।
- प्रशासनिक दक्षता में वृद्धि: ये मंच स्वचालित मूल्यांकन, भौगोलिक योजना और सुरक्षित आँकड़ा प्रसंस्करण को सक्षम बनाते हैं, जिससे परिचालन तत्परता में सुधार होता है।
- तकनीकी आत्मनिर्भरता को बढ़ावा: स्वदेशी कृत्रिम बुद्धिमत्ता पारिस्थितिकी तंत्र विदेशी निर्भरता को कम करता है और आँकड़ा संप्रभुता की रक्षा करता है।