| योजना/पहल |
लक्षित समूह |
उद्देश्य एवं मुख्य विशेषताएँ |
प्रभाव/डेटा |
| प्रधानमंत्री जनजाति आदिवासी न्याय महा अभियान (PM JANMAN) |
विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूह (PVTGs) |
नवंबर, 2023 में शुरू; आवास, जल, बिजली, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा के माध्यम से अलग-थलग जनजातीय समुदायों की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सुधार; 9 मंत्रालयों द्वारा 11 हस्तक्षेपों के माध्यम से क्रियान्वयन। |
18 राज्यों और 1 केंद्रशासित प्रदेश में 75 PVTGs समुदायों को लक्षित; कुल ₹24,104 करोड़ का प्रावधान। |
| एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय (EMRS) |
अनुसूचित जनजाति (ST) के छात्र |
जनजातीय बहुल क्षेत्रों में कक्षा VI–XII के छात्रों के लिए गुणवत्तापूर्ण आवासीय शिक्षा, आधुनिक अवसंरचना और समग्र विकास। |
शैक्षिक अवसरों का विस्तार और जनजातीय युवाओं का मुख्यधारा विकास में समावेशन। |
| वन धन विकास केंद्र (VDVKs) |
PVTGs और जनजातीय समुदाय |
वन-आधारित उत्पादों के संग्रह, प्रसंस्करण, मूल्य संवर्द्धन और विपणन को समर्थन; आजीविका के अवसर सृजित करना। |
TRIFED के सहयोग से क्रियान्वयन; 15 राज्यों में NIESBUD और IIE द्वारा उद्यमिता प्रशिक्षण। |
| प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्युदय योजना (PM-AJAY) |
अनुसूचित जाति (SC) समुदाय |
वर्ष 2021 में शुरू; SC बहुल गाँवों के समेकित विकास हेतु अवसंरचना, कौशल विकास और आजीविका समर्थन। |
26 राज्यों के 597 जिलों के 47,334 गाँवों को शामिल; 4 करोड़ से अधिक SC नागरिक और 83 लाख से अधिक परिवार लाभान्वित। |
| अनुसूचित जातियों के लिए विकास कार्य योजना (DAPSC) |
अनुसूचित जाति समुदाय |
विभिन्न मंत्रालयों द्वारा SC-केंद्रित व्यय योजना हेतु ढाँचा; SC कल्याण के लिए समर्पित निधि सुनिश्चित करना। |
समन्वय में सुधार और SC विकास के लिए लक्षित संसाधन आवंटन सुनिश्चित। |
| उच्च शिक्षा हेतु युवा उपलब्धि छात्रवृत्ति योजना (SHREYAS) |
SC, OBC और EBC छात्र |
उच्च शिक्षा, शोध, प्रतियोगी परीक्षाओं और विदेश अध्ययन हेतु वित्तीय सहायता; आर्थिक बाधाओं को कम करना। |
2025–26 में 4,156 SC छात्रों को प्रमुख संस्थानों में सहायता; 990 छात्रों को निःशुल्क कोचिंग; 72 छात्रों को राष्ट्रीय विदेशी छात्रवृत्ति का लाभ। |
| प्री-मैट्रिक एवं पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्तियाँ |
अनुसूचित जाति छात्र |
ड्रॉपआउट रोकने और उच्च शिक्षा को समर्थन देने हेतु DBT के माध्यम से शैक्षिक वित्तीय सहायता। |
2025–26 में प्री-मैट्रिक हेतु ₹359.47 करोड़ जारी; 17.14 लाख छात्रों को लाभ; 2021–22 में SC उच्च शिक्षा नामांकन 66.23 लाख (2014–15 से 44% वृद्धि)। |