यूएन रोड सेफ्टी फंड परियोजना

25 Feb 2026

संदर्भ

संयुक्त राष्ट्र ने सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मृत्यु दर को कम करने के उद्देश्य से भारत के चार राज्यों में यूएन रोड सेफ्टी फंड परियोजना प्रारंभ की है।

यूएन रोड सेफ्टी फंड परियोजना के बारे में

  • यह पहल संयुक्त राष्ट्र तथा राजस्थान, केरल, तमिलनाडु और असम राज्यों के बीच एक साझेदारी है, जिसका उद्देश्य सड़क सुरक्षा शासन और वित्तपोषण तंत्र को सुदृढ़ करना है।
  • उद्देश्य
    • सड़क सुरक्षा कार्ययोजनाओं के कार्यान्वयन हेतु राष्ट्रीय एवं उप-राष्ट्रीय स्तर पर क्षमता निर्माण करना।
    • सड़क सुरक्षा के लिए कार्रवाई के दशक (2021–2030) के अंतर्गत निर्धारित 50% मृत्यु एवं गंभीर चोटों में कमी के लक्ष्य के अनुरूप हताहतों को घटाना।
  • वित्तपोषण एवं सहायता: यह कार्यक्रम यूएन रोड सेफ्टी फंड के माध्यम से वित्तपोषित है तथा इसका समन्वय संयुक्त राष्ट्र रेजिडेंट कोऑर्डिनेटर कार्यालय द्वारा किया जा रहा है।
    • यह नीति निर्माण, संस्थागत सुदृढ़ीकरण, प्रवर्तन तंत्र तथा दुर्घटना उपरांत प्रतिक्रिया प्रणालियों को समर्थन प्रदान करता है।
  • पायलट कार्यान्वयन: ये चारों राज्य एक संरचित सड़क सुरक्षा वित्तपोषण ढाँचे के विकास हेतु पायलट क्षेत्र के रूप में कार्य करेंगे, जिसे बाद में पूरे भारत में लागू किया जा सकेगा।

भारत में सड़क सुरक्षा परियोजना की आवश्यकता

  • उच्च मृत्यु दर का भार: भारत में प्रतिदिन लगभग 600 लोगों की मृत्यु सड़क दुर्घटनाओं में होती है, जो एक गंभीर सार्वजनिक स्वास्थ्य संकट को दर्शाता है।
  • आर्थिक हानि: स्वास्थ्य व्यय, उत्पादकता में कमी तथा दीर्घकालिक विकलांगता के कारण सड़क दुर्घटनाओं से देश को सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का लगभग 7% तक का आर्थिक नुकसान होने का अनुमान है।
  • कमजोर प्रवर्तन एवं अवसंरचना: सड़क अभियांत्रिकी, यातायात प्रवर्तन, संकेतक व्यवस्था (Signage) तथा वाहनों की फिटनेस जाँच में विद्यमान कमियाँ रोके जा सकने वाली दुर्घटनाओं का कारण बनती हैं।
  • अपर्याप्त दुर्घटना-उपरांत देखभाल: सीमित ट्रॉमा केयर सुविधाएँ और आपातकालीन प्रतिक्रिया तंत्र मृत्यु दर तथा दीर्घकालिक विकलांगता के मामलों में वृद्धि करते हैं।

यूएन रोड सेफ्टी फंड के बारे में

  • यूएन रोड सेफ्टी फंड (UNRSF) की स्थापना अप्रैल 2018 में न्यूयॉर्क में वैश्विक सड़क सुरक्षा संकट से निपटने के उद्देश्य से की गई थी, जो विशेष रूप से निम्न एवं मध्यम आय वाले देशों पर ध्यान केंद्रित था।
  • संयुक्त राष्ट्र महासभा के प्रस्ताव के बाद इसे एक बहु-भागीदार ट्रस्ट फंड के रूप में बनाया गया था, जिसका उद्देश्य स्वैच्छिक संसाधनों को जुटाना और सतत् विकास लक्ष्यों (SDGs) को पूरा करने के लिए स्थायी सुरक्षा उपायों को लागू करना था।

Need help preparing for UPSC or State PSCs?

Connect with our experts to get free counselling & start preparing

Aiming for UPSC?

Download Our App

      
Quick Revise Now !
AVAILABLE FOR DOWNLOAD SOON
UDAAN PRELIMS WALLAH
Comprehensive coverage with a concise format
Integration of PYQ within the booklet
Designed as per recent trends of Prelims questions
हिंदी में भी उपलब्ध
Quick Revise Now !
UDAAN PRELIMS WALLAH
Comprehensive coverage with a concise format
Integration of PYQ within the booklet
Designed as per recent trends of Prelims questions
हिंदी में भी उपलब्ध

<div class="new-fform">







    </div>

    Subscribe our Newsletter
    Sign up now for our exclusive newsletter and be the first to know about our latest Initiatives, Quality Content, and much more.
    *Promise! We won't spam you.
    Yes! I want to Subscribe.