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प्रिडिक्शन मार्केट्स

24 Feb 2026

संदर्भ

वर्ष 2025 में, कल्शी (Kalshi) और पॉलीमार्केट (Polymarket) से संबंधित राजनीतिक परामर्श और निवेश संबंधों के कारण, घटना-आधारित ट्रेडिंग में अंदरूनी प्रभाव को लेकर चिंताएँ उत्पन्न होने पर प्रिडिक्शन मार्केट्स जाँच के दायरे में आए।

संबंधित तथ्य

  • प्रिडिक्शन मार्केट्स वर्ष 2026 में एक बहु-अरब डॉलर की वित्तीय परिसंपत्ति श्रेणी में परिवर्तित हो चुके हैं, जहाँ वर्ष 2025 में कुल सांकेतिक व्यापार मात्रा $44 बिलियन से अधिक रही।
  • कल्शी (Kalshi) और पॉलीमार्केट (Polymarket) दोनों स्वयं को वैश्विक स्तर पर सबसे बड़े प्रिडिक्शन मार्केट प्लेटफॉर्म होने का दावा करते हैं।

प्रिडिक्शन मार्केट्स कैसे कार्य करते हैं?

  • भविष्य की किसी घटना के बारे में एक प्रश्न पोस्ट किया जाता है (उदाहरण के लिए, “क्या X चुनाव जीतेगा?”)।
  • उपयोगकर्ता “हाँ” या “नहीं” शेयर खरीदते हैं।
  • मूल्य संभाव्यता को प्रतिबिंबित करता है (उच्च मूल्य = अधिक संभावना)।
  • यदि सही → भुगतान; यदि गलत → हानि।

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प्रिडिक्शन मार्केट्स के बारे में

  • प्रिडिक्शन मार्केट एक ऐसा मंच है, जहाँ उपयोगकर्ता किसी ‘संभावित घटना’ की इकाइयाँ खरीदते हैं, ताकि उस घटना के घटित होने (या न होने) पर लाभ अर्जित किया जा सके।
  • वित्तपोषण तंत्र: उपयोगकर्ता अपने ट्रेडिंग खातों को निम्नलिखित माध्यमों से निधिकृत कर सकते हैं:
    क्रिप्टो, क्रेडिट/डेबिट कार्ड, या बैंक अंतरण।
  • प्लेटफॉर्म शुल्क: प्लेटफॉर्म शुल्क लिया जा सकता है या नहीं भी लिया जा सकता है।
  • डिजिटल भुगतान तंत्र: पॉलीमार्केट (Polymarket) लेन-देन USDC स्टेबलकॉइन (जो अमेरिकी डॉलर से जुड़ा है) का उपयोग करके संचालित करता है।
    • लेन-देन पालीगोन ब्लॉकचेन नेटवर्क के माध्यम से निष्पादित किए जाते हैं।
  • घटनाओं का दायरा: उपयोगकर्ता निम्नलिखित क्षेत्रों की घटनाओं पर ब्राउज और ट्रेड कर सकते हैं:
    • विज्ञान
    • खेल
    • संस्कृति
    • वित्त
    • राजनीति और लोक-प्रशासन

प्रिडिक्शन मार्केट्स के प्रकार

  • सार्वजनिक प्रिडिक्शन मार्केट्स: खुले मंच जहाँ कोई भी सार्वजनिक घटनाओं, जैसे- चुनाव, पर ट्रेड कर सकता है, उदाहरण के लिए PredictIt और पॉलीमार्केट (Polymarket)।
  • आंतरिक (कॉरपोरेट) प्रिडिक्शन मार्केट्स: कंपनी द्वारा संचालित बाजार जहाँ कर्मचारी व्यावसायिक परिणामों का पूर्वानुमान लगाते हैं, जिनका उपयोग गूगल और ह्यूलेट-पैकार्ड द्वारा किया गया।
  • इवेंट डेरिवेटिव मार्केट्स: ऐसे मंच जहाँ मापनीय घटनाओं जैसे मुद्रास्फीति या तेल की कीमतों, पर ट्रेड किया जाता है, उदाहरण के लिए कल्शी (Kalshi) पर अनुबंध।

प्रिडिक्शन मार्केट्स की बढ़ती लोकप्रियता के कारण

  • सूचना का कुशल समेकन: प्रिडिक्शन मार्केट्स मूल्य खोज के माध्यम से बिखरी हुई सूचनाओं को समेकित करते हैं, जिससे प्रायः सटीक पूर्वानुमान प्राप्त होते हैं, जैसा कि संयुक्त राज्य अमेरिका के चुनावों में Iowa इलेक्ट्रॉनिक मार्केट्स द्वारा प्रदर्शित किया गया।
  • संभावनाओं का वास्तविक-समय अद्यतन: नई सूचना उपलब्ध होते ही प्रिडिक्शन मार्केट के मूल्य तुरंत समायोजित हो जाते हैं।
  • मत सर्वेक्षणों पर घटता विश्वास: पारंपरिक जनमत सर्वेक्षणों में पूर्वानुमान त्रुटियों ने बाजार-आधारित संभाव्यता आकलनों पर अधिक निर्भरता को प्रोत्साहित किया है।
  • राजनीतिक पूर्वानुमान से परे विस्तार: प्रिडिक्शन मार्केट्स ने आर्थिक संकेतकों, खेल परिणामों और सार्वजनिक स्वास्थ्य पूर्वानुमानों जैसे क्षेत्रों में विस्तार किया है, जिससे भागीदारी और प्रासंगिकता में वृद्धि हुई है।

प्रिडिक्शन मार्केट्स की आलोचना क्यों की जा रही है?

  • उत्तरदायी बेटिंग (Betting) को बढ़ावा: आलोचकों का तर्क है कि प्रिडिक्शन मार्केट्स सट्टात्मक दाँव के समान हैं और वित्तीय ट्रेडिंग के आवरण में बेटिंग (Betting) की प्रवृत्ति को प्रोत्साहित कर सकते हैं, विशेषकर कल्शी (Kalshi) और पॉलीमार्केट (Polymarket) जैसे प्लेटफॉर्म पर।
  • हिंसा और संवेदनशील घटनाओं पर दांव: विरोधियों का मत है कि युद्ध, हत्या या आपदाओं पर अनुबंधों की अनुमति नैतिक चिंताएँ उत्पन्न करती है, क्योंकि इससे हिंसा और अस्थिरता से लाभ अर्जित करने की प्रवृत्ति को प्रोत्साहन मिल सकता है।
  • इनसाइडर ट्रेडिंग के जोखिम: आलोचक चेतावनी देते हैं कि विशेषाधिकार प्राप्त सूचना तक पहुँच रखने वाले प्रभावशाली व्यक्ति संवेदनशील बाजारों में घटना-आधारित अनुबंधों को प्रभावित कर सकते हैं या उनसे लाभ कमा सकते हैं।
    • उदाहरण: जनवरी 2025 में कल्शी (Kalshi) ने घोषणा की कि डोनाल्ड ट्रंप जूनियर रणनीतिक सलाहकार के रूप में जुड़े हैं, जिससे संभावित अंदरूनी राजनीतिक सूचना तक पहुँच को लेकर चिंताएँ उत्पन्न हुईं।
  • राजनीतिक प्रभाव और धारणा-निर्माण: आलोचकों का तर्क है कि उपयोगकर्ताओं के दाँव को “सांख्यिकीय सत्य” के रूप में प्रस्तुत करना जनधारणा को आकार दे सकता है और संभावित रूप से चुनावी आख्यानों को प्रभावित कर सकता है।
    • उदाहरण: ट्रंप जूनियर ने सोशल मीडिया मंच X पर दावा किया कि अंदरूनी व्यक्तियों ने कल्शी (Kalshi) का उपयोग मुख्यधारा मीडिया के अनुमानों से घंटों पहले चुनाव परिणाम जानने के लिए किया, जिससे आख्यान-निर्माण को लेकर चिंताएँ उत्पन्न हुईं।

क्या प्रिडिक्शन मार्केट्स विनियमित हैं?

  • वैश्विक स्तर पर प्रिडिक्शन मार्केट्स एक नियामकीय रूप से अस्पष्ट क्षेत्र में संचालित होते हैं, क्योंकि कुछ देशों में वे अनुमत और विनियमित हैं, जबकि अन्य में प्रतिबंधित या सीमित हैं।
    • उदाहरण के लिए: कल्शी (Kalshi) ने रिपोर्ट किया कि वह अमेरिकी कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन (CFTC) द्वारा विनियमित है, परंतु उसे संयुक्त राज्य अमेरिका के अनेक राज्यों में प्रतिबंधों और कानूनी चुनौतियों का सामना करना पड़ता है।
      • इसके अतिरिक्त, संयुक्त राज्य अमेरिका, जर्मनी, यूनाइटेड किंगडम और सिंगापुर सहित 33 देशों में पॉलीमार्केट (Polymarket) की पहुँच पूर्णतः प्रतिबंधित है।

भारत में प्रिडिक्शन मार्केट्स: एक अस्पष्ट नियामकीय क्षेत्र

  • प्रिडिक्शन मार्केट्स को भारतीय प्रतिभूति कानून के अंतर्गत औपचारिक मान्यता प्राप्त नहीं है और सामान्यतः उन्हें सट्टेबाजी एवं बेटिंग (Betting) के व्यापक ढाँचे के अंतर्गत माना जाता है, जो संविधान की सातवीं अनुसूची की राज्य सूची (प्रविष्टि 34) के अंतर्गत आने वाला विषय है।
  • भारत में “प्रिडिक्शन मार्केट्स” को एक पृथक वित्तीय श्रेणी के रूप में प्रत्यक्ष रूप से विनियमित करने वाला कोई स्पष्ट विधायी प्रावधान नहीं है।

आगे की राह

  • स्पष्ट विधिक वर्गीकरण: बेटिंग (Betting) और सूचना-आधारित घटना अनुबंधों के बीच स्पष्ट अंतर स्थापित किया जाना चाहिए तथा प्रिडिक्शन मार्केट्स को वित्तीय विधि ढाँचों के अंतर्गत परिभाषित किया जाना चाहिए।
    • उदाहरण के लिए, विनियमित इवेंट-ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म कल्शी (Kalshi) कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन की निगरानी में संचालित होता है, जो पूर्ण प्रतिबंधों के स्थान पर संरचित विनियमन का एक मॉडल प्रस्तुत करता है।
  • सूचना नियंत्रण को सुदृढ़ करना: विनियमों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि राजनीतिक रूप से प्रभावशाली या कॉरपोरेट व्यक्ति संवेदनशील बाजारों में विशेषाधिकार प्राप्त सूचना का दुरुपयोग न कर सकें।
    • उदाहरण: जब डोनाल्ड ट्रंप कल्शी (Kalshi) से रणनीतिक सलाहकार के रूप में जुड़े, तब सार्वजनिक बहस ने अंदरूनी प्रभाव को लेकर चिंताओं को उजागर किया।
  • अंतरराष्ट्रीय समन्वय: सीमापार डिजिटल पहुँच को ध्यान में रखते हुए, उन मंचों के विनियमन हेतु वैश्विक समन्वय आवश्यक है, जो विभिन्न न्यायक्षेत्रों में संचालित होते हैं, विशेषकर जहाँ अनेक देशों में पहुँच प्रतिबंधित है, जैसा कि पॉलीमार्केट (Polymarket) के मामले में देखा गया।

प्रिडिक्शन मार्केट्स बनाम बेटिंग मार्केट्स

पक्ष प्रिडिक्शन मार्केट बेटिंग मार्केट
उद्देश्य वास्तविक विश्व की घटनाओं का पूर्वानुमान और संभाव्यता का आकलन परिणामों पर मनोरंजन या ‘बेटिंग’
परिणाम का आधार वास्तविक घटनाएँ जैसे चुनाव, आर्थिक संकेतक या नीतिगत निर्णय खेल, क्रीड़ा प्रतियोगिताएँ, दौड़, या संयोग-आधारित परिणाम
प्रतिभागी विश्लेषक, ट्रेडर, शोधकर्ता, और सूचित व्यक्ति मुख्यतः मौद्रिक लाभ की इच्छा रखने वाले सट्टेबाज
लक्ष्य मूल्य खोज के माध्यम से सूचना का समेकन व्यक्तिगत लाभ हेतु बेटिंग
आर्थिक सिद्धांत सामूहिक बुद्धिमत्ता और बाजार दक्षता पर आधारित बुकमेकर द्वारा ऑड्स निर्धारण और जोखिम प्रबंधन पर आधारित
विधिक स्थिति कुछ न्यायक्षेत्रों में शोध उपकरण या वित्तीय साधन के रूप में माना जाता है; अन्य में विधिक रूप से अस्पष्ट अधिकांश देशों में जुआ कानूनों के अंतर्गत स्पष्ट रूप से विनियमित
नियामकीय पर्यवेक्षण (उदाहरण) Iowa इलेक्ट्रॉनिक मार्केट्स (शैक्षणिक) Bet365 जैसे विनियमित सट्टेबाजी संचालक
प्लेटफॉर्म उदाहरण ऑगर, प्रेडिक्टइट, Iowa इलेक्ट्रॉनिक मार्केट्स बेट365, ड्राफ्टकिंग्स

प्रिडिक्शन मार्केट्स

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